पंजाब सरकार एससी कल्याण व सड़कों पर खर्च करेगी 1200 करोड़, सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने किया कई योजनाओं का एलान
अमृतसर। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने अनुसूचित जातियों के कल्याण के लिए विभिन्न प्रोग्रामों समेत लिंक सड़कों, फिरनियों और अन्य सड़कों के विकास के लिए 1200 करोड़ रुपये के प्रोजेक्टों का ऐलान किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि जल्द ही एक एक्ट नोटिफाई किया जाएगा जिसके अंतर्गत राज्य की एससी आबादी की प्रतिशतता के बराबर दलित कल्याण के लिए बजट से खर्च करना अनिवार्य होगा और 85वें संविधान संशोधन को सुप्रीम कोर्ट के फैसलों के अनुसार लागू किया जाएगा।
कारोबार करने को आसान बनाने के लिए मुख्यमंत्री ने सूक्ष्म, लघु और मध्यम (एमएसएमईज़) उद्योगों के लिए 1150 व्यापक सुधारों का ऐलान भी किया। उन्होंने कहा कि इस संबंध में विवरण निवेश प्रोत्साहन विभाग द्वारा अलग तौर पर जारी किेए जाएंगे। उन्होंने यह भी ऐलान किया कि कुछ महंगे चिकित्सीय इलाज और डायलिसिस, एक्स-रे आदि जैसे टेस्ट सरकारी अस्पतालों में मुफ़्त किए जाएंगे। कहा कि जल्द ही एक व्यापक स्वास्थ्य बीमा योजना शुरू की जाएगी।
मुख्यमंत्री द्वारा किए गए कई अन्य महत्वपूर्ण घोषणाओं में पिछले 10 सालों से काम कर रहे सभी सफ़ाई कर्मचारियों को रेगुलर करना और आंगनबाड़ी वर्करों, मिनी आंगनबाड़ी वर्करों और हेल्परों के मासिक मानदेय में क्रमश: 600, 500 और 300 रुपये की वृद्धि करना शामिल है। मुख्यमंत्री ने कहा कि ग्रामीण/शहरी क्षेत्रों में रहने वाले लोगों की जरूरतों के अनुसार बुनियादी ढांचे के विकास के लिए पंजाब निर्माण प्रोग्राम के अंतर्गत 1170 करोड़ रुपये खर्च किे जाएंगे।
भूमिहीन किसानों के कल्याण का जि़क्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार आने वाली 20 अगस्त को पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की जयंती के अवसर पर ऋण राहत स्कीम के अधीन 2.85 लाख भूमिहीन किसानों को 520 करोड़ रुपये की अदायगी करेगी। इसके अलावा एससी और बीसी कॉर्पोरेशन के लगभग 16,000 लाभार्थियों को जल्द ही 62 करोड़ रुपये की लागत से 50 हजार रुपये तक का ऋण माफ किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि पवित्र नगरी अमृतसर के नज़दीक छठे सिख गुरू श्री गुरु हरगोबिंद साहिब जी की जन्मस्थली गुरू की वडाली और इसके आस-पास के क्षेत्र के विकास के लिए 5 करोड़ रुपये की व्यवस्था की जाएगी।
महान शहीद मदन लाल ढींगरा को श्रद्धांजलि भेंट करते हुए मुख्यमंत्री ने ऐलान किया कि उनको श्रद्धांजलि देने के लिए अमृतसर शहर में एक स्मारक बनाया जाएगी। इस अवसर पर सांसद गुरजीत सिंह औजला, विधायक डा. राज कुमार वेरका, सुनील दत्ती, हरप्रताप सिंह अजनाला, तरसेम सिंह डीसी, सुखविंदर सिंह डैनी, संतोख सिंह भलीपीर और बलविंदर सिंह लाडी, अमृतसर नगर निगम के मेयर करमजीत सिंह रिंटू, मुख्यमंत्री के वरिष्ठ सलाहकार लैफ्टिनेंट जनरल टीएस शेरगिल (सेवामुक्त), मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार रवीन ठुकराल, मुख्य सचिव विनी महाजन, डीजीपी दिनकर गुप्ता, डिविजनल कमिश्नर वरुण रूजम, डिप्टी कमिश्नर अमृतसर गुरप्रीत सिंह खैहरा, कमिश्नर पुलिस अमृतसर डा. सुखचैन सिंह गिल और कमिश्नर एमसी अमृतसर मालविन्दर सिंह जग्गी आदि उपस्थित थे।

